26 Feb 2025
Pratik Waghmare
गोल्ड कार्ड वीजा दरअसल ग्रीन कार्ड की सुविधाएं देगा और अमेरिकी नागरिकता का रास्ता खोलेगा, इसकी कीमत $5 मिलियन है जो करीब 43.5 करोड़ रुपये है. इसका मतलब है कि अगर किसी के पास इतनी रकम है, तभी वो अमेरिका में स्थायी निवास ले सकता है.
भारी रकम देकर EB-5 वीजा लिया जा सकता है. लेकिन अमेरिका के कॉमर्स सेक्रेटरी ने कहा कि अगले 2 हफ्तों में EB-5 वीजा बंद हो जाएगा और उसकी जगह गोल्ड कार्ड ले लेगा.
गोल्ड कार्ड के लिए हर किसी के पास इतने पैसे नहीं है. ऐसी स्थिति में आम लोग अभी भी H-1B, EB-1, EB-2, या EB-3 वीजा के जरिए अमेरिका में बसने की कोशिश कर सकते हैं, लेकिन प्रोसेस लंबा और मुश्किल रहेगा.
अगर आपके पास H-1B, EB-2 वीजा है तो भी आप गोल्ड कार्ड ले सकते हैं, शर्त ये है कि आपको करोड़ों रुपये देने होंगे यानी $5 मिलियन. ट्रंप ने कहा कि “अमीर लोग इस पैसे से टैलेंटेड लोगों को अमेरिका लाने में मदद करेंगे.”
गोल्ड कार्ड वीजा EB-5 की जगह लेने जा रहा है. ऐसे में जो 1 मिलियन डॉलर देकर EB-5 लेने का प्लान कर रहे थे उन्हें अब 5 मिलियन डॉलर देकर गोल्ड कार्ड लेना होगा, जो कई लोगों के लिए मुश्किल हो सकता है.
नहीं. ट्रंप ने कहा है कि वे 10 लाख से 1 करोड़ तक गोल्ड कार्ड बेच सकते हैं. EB-5 की तरह कोई संख्या सीमा नहीं होगी, क्योंकि यह पूरी तरह से अमेरिका के लिए “रेवेन्यू स्कीम” की तरह काम करेगा.
ट्रंप का कहना है कि उन्हें कांग्रेस की मंजूरी की जरूरत नहीं है, लेकिन कानूनी विशेषज्ञ इससे सहमत नहीं हैं. अगर इसके खिलाफ मुकदमे दर्ज हुए या राजनीतिक विरोध हुआ, तो इसे लागू करने में देरी हो सकती है.