Gold Price Today: कितने रुपये में मिल रहा 10 ग्राम सोना, सस्ता या महंगा… जानें- गोल्ड का रेट
Gold Price Today: भारतीय बाजार से लेकर इंटरनेशनल मार्केट तक सोना हर दिन महंगा हो रहा है और धीरे-धीरे 90 हजार के आंकड़े के करीब पहुंच रहा है. इंटरनेशनल मार्केट में भी सोने की कीमतें ऑल टाइम हाई के करीब पहुंच गई हैं.
Gold Price Today: सोने की कीमतों में लगातार तेजी देखने को मिल रही है. भारतीय बाजार से लेकर इंटरनेशनल मार्केट तक सोना हर दिन महंगा हो रहा है और धीरे-धीरे 90 हजार के आंकड़े के करीब पहुंच रहा है. बीते दिन भी सोने की कीमतें में तेजी दर्ज की गई. मंगलवार को मल्टी कनमोडिटी एक्सचेंज पर अप्रैल कॉन्ट्रैक्ट के लिए गोल्ड 86,325 रुपये प्रति 10 ग्राम पर ओपन हुआ था. इंटरनेशनल लेवल पर सोने की कीमतें रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गईं. दिल्ली के बाजार में भी मंगलवार को सोना महंगा हुआ.
डिजिटल गोल्ड का भाव
अगर डिजिटल गोल्ड की बात करें, तो बुधवार इसकी कीमतें घटी हैं. बीते दिन डिजिटल गोल्ड की कीमत 89,697 रुपये प्रति 10 ग्राम थी और आज यह 89,316.4 रुपये प्रति 10 ग्राम की दर से बिक रहा है. कीमत में 3 फीसदी जीएसटी जुड़ा है. गोल्ड की खरीदारी पर तीन फीसदी का जीएसटी लगता है. पेटीएम और फोन पे जैसे पेमेंट ऐप से कोई भी आसानी से डिजिटल गोल्ड की खरीदारी की जा सकती है.
भारतीय बाजार में रेट
ऑल इंडिया सर्राफा एसोसिएशन के मुताबिक नई दिल्ली में सोने का भाव 25 फरवरी को 89,350 रुपये प्रति 10 ग्राम रहा. 99.5 फीसदी प्योरिटी वाले गोल्ड की कीमत में 250 रुपये का इजाफा हुआ. इसका भाव 88,950 रुपये प्रति 10 ग्राम रहा. सर्राफा एसोसिएशन के अनुसार, सोना महंगा होने के पीछे की वजह रुपये में कमजोरी है. इसके अलावा ट्रेडर्स और ज्वैलर्स की तरफ से भी डिमांड बढ़ी है.
इंटरनेशनल मार्केट में कीमत
ग्लोबल आर्थिक अनिश्चितताओं के बीच सुरक्षित निवेश की मांग के कारण मंगलवार (25 फरवरी) को सोने की कीमतें ऑल टाइम हाई लेवल के करीब रहीं. इंटरनेशनल मार्केट में स्पॉट गोल्ड 2,950.39 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रहा था, जो अपने ऑल टाइम हाई लेवल 2,956.15 डॉलर प्रति औंस से केवल 6 डॉलर कम था. अमेरिकी गोल्ड फ्यूचर 0.1 फीसदी बढ़कर 2,967.40 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की टैरिफ नीतियों से मुद्रास्फीति बढ़ने और ग्लोबल ट्रेड वॉर होने की बढ़ती चिंताओं के बीच निवेशकों द्वारा सुरक्षित-संपत्तियों की ओर रुख जारी रखने के चलते इंटरनेशनल लेवल पर सोने की कीमतें रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गईं हैं. अमेरिका और उसके ट्रेड पार्टनर्स के बीच ट्रेड वॉर की आशंका, केंद्रीय बैंक की आक्रामक खरीद, स्थिर मुद्रास्फीति और कमजोर मैक्रोइकॉनोमिक प्रिंट ने सोने की कीमतों को सपोर्ट किया है.